Children’s Day Speech Hindi

बाल दिवस निबंध एवं भाषण (Children’s Day Speech & Essay In Hindi)

Written by Rupa Kumari

बाल दिवस के महत्व पर संक्षिप्त भाषण एवं लेख Children’s Day (Bal Diwas) Essay & Speech In Hindi)

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Children’s Day Speech Hindi
Children’s Day Speech Hindi

Bal Diwas In Hindi : बाल दिवस बच्चों को समर्पित भारत का एक राष्ट्रीय पर्व है जो की भारत के प्रथम प्रधनमंत्री पण्डित जवाहरलाल नेहरू के जन्म दिन 14 नवम्बर को हर साल मनाया जाता है |

नेहरू जयंती को बाल दिवस के रूप में मनाने की असली वजह यह है कि नेहरू जी को नन्हें, मुन्ने बाल – गोपाल अति प्रिय थे | वे बालको के साथ खेलते थे, उनका मन बहलाते थे, गरीब असहाय बालकों की मदद करते थे |

बच्चे भी चाचा – चाचा करके उनसे मिलने को उत्सुक रहते, और उन्हें ‘चाचा नेहरू’ कहकर पुकारते थे एवं इस तरह वे ‘चाचा नेहरू’ के नाम से विश्व – विख्यात हो गये और इसी वजह से पंडित नेहरू को आदर और सम्मान देने के लिए उनके जन्मदिवस को बाल दिवस के रूप में मनाया जाता है |

नेहरू जी प्रत्येक बच्चे में देश का भविष्य देखते थे और उन्हें उच्च शिक्षा प्राप्त करवाना चाहते थे | वे कहते थे कि

“मैं हैरत में पड़ जाता हूँ जब देखता हूँ कि लोग किसी राष्ट्र का भविष्य जानने के लिए वहाँ के शहरों को देखते हैं, लेकिन जब मुझें हिंदुस्तान का भविष्य देखने की इच्छा होती है तो मैं केवल बच्चों की आँखों और उनके चेहरों को देखने की कोशिश करता हूँ क्योंकि वही मुझे आने वाले हिंदुस्तान की तस्वीर नजर आती है |”

भले ही 27 मई 1964 को भारतवासियों ने अपने प्यारे प्रधनमंत्री और बच्चों ने प्रिय चाचा नेहरू को खो दिया लेकिन आज भी हमारे बीच उनकी शिक्षाएँ, आदर्श, सिद्धांत और बच्चों के लिए उनका प्यार बाल दिवस के रूप में मौजूद है |

बाल दिवस 1956 से चाचा नेहरू के जन्म दिवस के दिन बनाया जा रहा है और यह दिन पूरी तरह बच्चों को समर्पित एक महत्वपूर्ण दिन होता है इसलिए इस दिन पूरे देश में खासतौर पर स्कूलों में शिक्षकों और बच्चों के द्वारा अनेक सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है |

आयोजनों में नेहरू जी के प्रति श्रद्धाजलि अर्पित करके उनकी शिक्षाओं, आदर्शों तथा सिद्दांतों को याद किया जाता है | बच्चों को निबंध प्रतियोगिता चाचा नेहरु के नारे व भाषण द्वारा ज्ञान प्राप्त कराया जाता है |

बच्चे देश के कर्णधार होते है | उन्हें परिमार्जित और परिष्कृति एक बेहतर इन्सान बनाना हर जन का कर्तव्य होता है | बाल दिवस द्वारा लोगों को जागरूक किया जाता है कि वे बच्चे के महत्व को समझे और उन्हें फलने – फूलने का एक अच्छा माहौल दे |

हम सभी के लिए यह प्रसन्नता की बात है कि बदलते वक्त के साथ आज भी महान शख्सियत चाचा नेहरू की वजह से उनके जन्मदिन के रूप में बाल दिवस के अवसर पर हमें बच्चे के महत्व को समझने का मौका मिला | सधन्यवाद |

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